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: गूगल ने इस फेमस मुस्लिम ऐप को किया बैन, मोबाइल फोन से डाटा चुराने का आरोप

शुभम पाण्डेय विशेष संपादक / Fri, Apr 8, 2022 / Post views : 120

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वॉशिंगटनः नियमों का उल्लंघन करने के आरोपों के बाद फेमस मुस्लिम प्रार्थना ऐप (Muslim prayer app) को बैन कर दिया गया है. इसके साथ गूगल (Google) ने अपने प्ले स्टोर से करीब एक दर्जन ऐप को भी हटा दिया है. इनमें बारकोड स्कैनर (Barcode Scanner) और टाइम बताने वाले ऐप भी शामिल हैं. गूगल का कहना है कि ये यूजर्स के फोन से डेटा चुरा रहे थे. जिस मुस्लिम प्रार्थना ऐप (Muslim prayer app) को प्ले स्टोर ( Play Store) से हटाया गया है. उसको 1 करोड़ से अधिक बार डाउनलोड किया गया था. टेक साइट गिजमोडो के मुताबिक, गूगल (Google) ने प्ले स्टोर (Play Store) से एक दर्जन से अधिक ऐप्स पर बैन लगा दिया है, क्योंकि उन्होंने पाया कि इनमें एक कोड का इस्तेमाल किया गया है, जो गुप्त रूप से यूजर्स का डेटा चुरा रहा था. कोड का किया गया इस्तेमाल इस गुप्त कोड को अमेरिकी रक्षा क्षेत्र से जुड़ी एक कांट्रैक्‍ट कंपनी द्वारा तैयार किया गया था. यह कोड लोगों के कम्प्यूटर, मोबाइल फोन, टैब इत्यादि से पर्सनल डेटा, फोन नंबर आदि चुरा रहा था. ऐप्स की लिस्ट वायरल होने के बाद कार्रवाई डेटा चुराने के मामले का खुलासा तब हुआ, जब एक स्टार्टअप AppCensus ने ऐसे ऐप्स की लिस्ट को इंटरनेट पर शेयर कर दिया. बता दें कि AppCensus को कुछ शोधकर्ताओं ने स्थापित किया है. यह एक ऐसा संगठन है जो मूल रूप से यूजर्स की प्राइवेसी और सिक्योरिटी के लिए मोबाइल ऐप (Mobile App) का ऑडिट करता है. उन्होंने अपने ऑडिट में ऐसे ऐप्स की सूची तैयार की, जिसे बाद में ब्लॉग में पोस्ट कर दिया गया था. नीतियों का करना होगा पालन इस मामले में गूगल का कहना है कि प्ले स्टोर पर सभी ऐप्स को हमारी नीतियों का पालन करना चाहिए. जब कोई ऐप इन नीतियों का उल्लंघन करता है, तो हम उचित कार्रवाई करते हैं. वहीं, शोधकर्ताओं ने कहा है कि इन सबके पीछे पनामा में रजिस्टर्ड मेजरमेंट सिस्टम्स नाम की कंपनी हो सकती है.

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